रविवार, 10 मई 2020

माँ


हे ईश्वर
माँ के बालों की सफेदी
मुझे अच्छी नहीं लगती,
उसके चेहरे की
झुर्रियाँ मिटा दे,
उसका हर ग़म
दे दे मुझे,
उसके चेहरे पे
मुस्कुराहट सजा दे,
उस के चेहरे में
ज़न्नत नज़र आती है मुझे
उसी के कदमों में है
मेरा जहाँ,
उसी की वजह से
मेरा वज़ूद
मैं जो कुछ भी हूँ
वो उसी की दुआ।

2 टिप्‍पणियां:

NILESH MATHUR

यह ब्लॉग खोजें

www.hamarivani.com रफ़्तार